तप आत्म-संयम, अनुशासन और आत्म-शुद्धि का उच्चतम साधन है, जो साधक को धैर्य, करुणा और आंतरिक शक्ति प्रदान करता है। जैन दर्शन में इसे मोक्ष की प्राप्ति का मार्ग माना गया है। हमारे मंच द्वारा पिछले तीन वर्षों से तपस्वियों को सम्मानित किया जा रहा है। यह पहल साधकों की साधना को मान्यता देती है और समाज में संयम, सादगी तथा आध्यात्मिक आदर्शों का प्रसार करती है।
प्रत्येक तपस्वी हमारे लिए सम्मान और गर्व का विषय है। विनम्र निवेदन है कि प्रत्येक तपस्वी के साथ एक व्यक्ति और आ सकता है। कृपया इस व्यवस्था का पालन कर कार्यक्रम की मर्यादा बनाए रखने में सहयोग प्रदान करें।